वरतमन परपरकषय म ववकननद क शकष दरशन क अवलकन
Abstract
महान भारतीय संत, चिन्तक एवं शिक्षाशास्त्री स्वामी विवेकानन्द का जन्म 12 जनवरी सन 1863 ई० को पौष संक्रान्ति को हो रही थी। बंगाल प्रान्त के कलकत्ता के सिमुलिया पल्लि में प्रसिद्ध वकील विश्वनाथ के घर में, सूर्यदय के कुछ क्षण पूर्व 6 बजकर 50 मिनट पर जन्म हुआ। बचपन से ही कुशाग्र बुद्धि के थे। सात वर्ष की अवस्था में कृतिवास की बंगला रामायण उन्हें कण्ठस्थ कर ली थी। स्वामी विवेकानन्द ने शिक्षा के महत्व को स्वीकार किया है। यूरोप के अनेक नगरों का भ्रमण करते हुए उन्हें शिक्षा की भौतिक उपलब्धियों में दिखाई पड़ी। भारत की निर्धनता का एक कारण उन्होंने अशिक्षा को माना।
Fields of Study & Subjects
Indian and Buddhist Studies
Indian History and Philosophy
Philosophy and Historical Thought
Publication details
- Journal / source
- Zenodo (CERN European Organization for Nuclear Research)
- Publication date
- 15 January 2026
- Language
- HI