भरतय जञन परणल : परचन भगलक चतन एव आधनक परसगकत
Abstract
भारतीय ज्ञान प्रणाली (Indian Knowledge System – IKS) विश्व की प्राचीनतम,समृद्ध एवं बहुआयामी ज्ञान परंपराओं में से एक है। जिसके अन्तर्गत भूगोल केवल पृथ्वी के भौतिक स्वरूप का अध्ययन ही नहीं बल्कि मानव, पर्यावरण और ब्रह्मांड केवैज्ञानिक एवं दार्शनिक संबंधों की समग्र संतुलित व्याख्या प्रस्तुत करता है।अर्थात भारतीय परंपरा में भूगोल को केवल पृथ्वी की भौतिक संरचना तक सीमित नहीं रखा गया, बल्कि उसे मानव जीवन, पर्यावरणीय संतुलन, सांस्कृतिक विकास तथा नैतिक मूल्यों से जोड़कर देखा गया है। प्राचीन भारतीय ग्रंथों—वेद, उपनिषद, पुराण, महाकाव्य, बौद्ध एवं जैन साहित्य—में भौगोलिक चिंतन अत्यंत वैज्ञानिक, पर्यावरण–अनुकूल तथा जीवनोपयोगी रूप में मिलता है। वेदों, उपनिषदों, पुराणों, महाकाव्यों, बौद्ध एवं जैन साहित्य में भू-तत्त्व, जल, वायु, अग्नि, आकाश तथा जीव-जगत के पारस्परिक संबंधों का जो सूक्ष्म विवेचन मिलता है, वह प्राचीन भारतीयों की उन्नत भौगोलिक चेतना को दर्शाता है। इस शोध पत्र का उद्देश्य भारतीय ज्ञान प्रणाली में निहित प्राचीन भौगोलिक विचारों का विश्लेषण करना ही नहीं बल्कि उनका आधुनिक भूगोल, पर्यावरण संरक्षण, सतत विकास और आपदा प्रबंधन में प्रासंगिकता को स्पष्ट करना भी है। भारतीय भूगोल केवल भौतिक धरातल के अध्ययन तक सीमित नहीं था, बल्कि उसमें पर्यावरण संरक्षण, संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग, मानव–प्रकृति सहअस्तित्व तथा सतत विकास की अवधारणाएँ भी अंतर्निहित थीं। वैदिक काल से लेकर मध्यकाल तक विकसित भौगोलिक दृष्टिकोण में नदियों, पर्वतों, वनों, जलवायु और प्राकृतिक आपदाओं के प्रति गहन वैज्ञानिक समझ दिखाई देती है, जो आज के पर्यावरणीय संकटों के समाधान में भी उपयोगी सिद्ध हो सकती है। भारतीय ज्ञान प्रणाली में निहित भौगोलिक विचार आधुनिक भूगोल, पर्यावरण अध्ययन, आपदा प्रबंधन और सतत विकास लक्ष्यों के साथ गहरा सामंजस्य रखते हैं। प्राकृतिक संसाधनों के संतुलित उपयोग, मानव-प्रकृति के सहजीवी संबंध तथा दीर्घकालिक पर्यावरणीय स्थिरता जैसे सिद्धांत वर्तमान वैश्विक चुनौतियों के समाधान हेतु अत्यंत प्रासंगिक हैं। भारतीय ज्ञान प्रणाली न केवल अतीत की बौद्धिक धरोहर है, बल्कि वर्तमान और भविष्य की वैश्विक समस्याओं के समाधान हेतु एक व्यवहारिक, नैतिक एवं सतत दृष्टिकोण भी प्रदान करती है।
Fields of Study & Subjects
Historical Geography and Geographical Thought
Indigenous Knowledge Systems and Agriculture
Landscape and Cultural Studies
Publication details
- Journal / source
- Zenodo (CERN European Organization for Nuclear Research)
- Publication date
- 17 January 2026
- Language
- HI