हद सहतय म महल लखकओ (सहतयकर) क यगदन
Abstract
इस विषय को लेने का मुख्य उद्देश यही है कि आज तक के इतिहास में स्त्री जाती के विकास के लिए अनेक महानुभवों ने अपना महत्त्वपूर्ण समय दिया है और जिसकी बदौलत एक स्त्री के नाते लिखने की क्षमता हम प्राप्त कर पायी है | उन सभी के स्त्री जाती पर लाख लाख एहसान है | उसे पढने लिखने का मौका जिनकी वजह सें मीला उनमे कही सारे पुरूष भी है किंतु स्त्री एक स्त्री जितनी दुसरी को समझ सकती है शायदही कोई पुरूष इसलिए साहित्य लेखन मे जिन लेखिकाओने अपना योगदान दिया उन्होने सई महिने में समाज और स्त्री पर उपकार किया है |
Fields of Study & Subjects
South Asian Studies and Diaspora
Literature: history
themes
analysis
Historical and Literary Analyses
Publication details
- Journal / source
- Zenodo (CERN European Organization for Nuclear Research)
- Publication date
- 28 January 2026